ALFAAZ E BYAN
एक सोच अक्ल से फिसल गई मुझे याद थी के बदल गई मेरी सोच थी की वह ख़्वाब था मेरी जिंदगी का हिसाब था मेरी जुस्तजू की बरस्त थी मेरी मुश्किलों का वह अक्स थी मुझे याद हो वह सोच थी जो ना याद हो तो गुमान था ..... #अल्फ़ाज़े_बयां.. बस इतने से अल्फ़ाज़ कहने है आपसे -..... बड़े अच्छे लगते हो तुम ख्याल रखा करो अपना.. तुझको छूकर और किसी की चाह रखें ला'नत है मेरे इन हाथों पर~~| Princeangel5683@gmail.com #LOVE MAKE LIFE